राजू उठ
भोर हुई
चल दौड़ लगाने चल
पानी गरम कर दिया है
दूध गरम हो रहा है
राजू उठ
भोर हुई
चल दौड़ लगाने चल
दूर नहीं अब मंजिल
पास खड़े हैं सपने
इक दौड़ लगा कर जीत ले
तू .. सारे अपने सपने
राजू उठ
भोर हुई
चल दौड़ लगाने चल ।
~ उदय
भोर हुई
चल दौड़ लगाने चल
पानी गरम कर दिया है
दूध गरम हो रहा है
राजू उठ
भोर हुई
चल दौड़ लगाने चल
दूर नहीं अब मंजिल
पास खड़े हैं सपने
इक दौड़ लगा कर जीत ले
तू .. सारे अपने सपने
राजू उठ
भोर हुई
चल दौड़ लगाने चल ।
~ उदय