Monday, April 26, 2010

सत्य

संत
अंत में है खडा
पास खडे
सब दुष्ट

राजा
असत्य को
कैसे भेदे
दूर खडा है
'सत्य' ।

13 comments:

संजय भास्कर said...

vaise aaj kal to asatya hi asatya hai...


satya to naam ka hi hai

संजय भास्कर said...

छुटकी,पर प्रभावभरी !
सुन्दर प्रविष्टि ! आभार ।

ललित शर्मा said...

बिलकूल भेदेगा जी
भले ही कुछ समय और लग जाए।
विजेता सत्य ही होगा।

अस्तु।

देवेश प्रताप said...

सत्य तो सत्य है ........अच्छी प्रस्तुती

M VERMA said...

वाह भाई वाह
कही ऐसा ही तो नही राजा ही असत्य के संरक्षण में हो.

राज भाटिय़ा said...

राजा भी इस असत्य के संग मरेगा.... सत्य हमेशा अमर रहा है... बहुत सुंदर लिखा. धन्यवाद

दिगम्बर नासवा said...

Chand shabdon mein gahri baat ...

अनामिका की सदाये...... said...

waah gagar me saagar...bahut khoob.

आशीष/ ASHISH said...

Dekhan mein chhotan lage,
Ghav kare gambheer!!!!!!

मनोज कुमार said...

कम शब्दों में सच। अद्भुत!

अल्पना वर्मा said...

kalyug hai!
sab kuchh sambhav hai.

arun c roy said...

aaj ki hakikat to chand shabdo me baya karti kavita

mridula pradhan said...

very good.