Monday, June 15, 2009

बोल-अनमोल

* 33 *
“जो लोग मेरे समर्थक व अनुयायी हैं वे हमेशा मेरी प्रसंशा करेंगे, किंतु मुझे उन लोगों की आवश्यता है जो मुझे यह बोध करायें कि मुझसे कहाँ चूक हो रही है।”
* 32 *
“हमारी अच्छी सोच की सार्थकता तब है जब हम उसे कार्यरूप में परिणित करें।”
* 31 *
“स्त्री-पुरुष की संरचना व उत्पत्ति नवीन सृजन के दृष्टिकोण से की गई है इसलिये ही वे एक-दूसरे के पूरक हैं।”
* 30 *
“सच्चाई छिपाकर झूठी शान के लिये दिखावे का जीवन जीना झूठी महत्वाकाँक्षा है जो एक दिन मनुष्य को आत्मग्लानी के सागर में डुबोकर जीना दुस्वार कर देती है।”
* 29 *
“पद की मर्यादा के अनुरुप कार्य न करना, व्यवस्था को बिगाडना है।”
* 28 *
“भाग्य के भरोसे बैठना उचित नहीं है, कर्म भी भाग्य को सुनहरा बनाते हैं।”

15 comments:

राज भाटिय़ा said...

बहुत सुंदर ओर अच्छी बाते, अपनाने योग्या.
धन्यवाद

Anonymous said...

uday ji
i think you are a dynamic person .... very nice .

ओम आर्य said...

ek aisi blog jo jindagi ke star ko badhane ki baat karati ho .......lupt hote chetan bhaw ki marammat ho sake ....bahut khub

प्रसन्न वदन चतुर्वेदी said...

सुंदर, अच्छी बाते...

शोभना चौरे said...

“पद की मर्यादा के अनुरुप कार्य न करना, व्यवस्था को बिगाडना है।”
akdam shi hai pad ka sdupyog hi mryada ko bdhata hai.

‘नज़र’ said...

व्यक्तित्व निखार देने वाले वचन

ARVI'nd said...

jinzgi jeene ka saar dikha diya aapne

venus kesari said...

अजी आपके ब्लॉग का तो हैप्पी बड्डे आया और चला गया आपने बताया नहीं :(
वीनस केसरी

ARVI'nd said...

aapke vichar ko padhkar jingi ko ek raah mile hame, yahi aasha hai

Mumukshh Ki Rachanain said...

सुन्दर और सदा याद रखने वाली बातें,
अपनाने के प्रयास में ही तो सफ़र कट रहा है.

चन्द्र मोहन गुप्त

Harkirat Haqeer said...

इतना गहरा ज्ञान का खजाना ....?? इसे जानते तो सभी हैं बस अपनाने से ही कतराते हैं.....पर गाहे-ब-गाहे आप जैसे याद दिलाते रहें तो सोचते तो हैं ही .....!!

चन्दन कुमार said...

बहुत ख़ूब..........

अमिताभ श्रीवास्तव said...

aapke vichaar jan jan ke vichaar he/ saadhuvaad/

अल्पना वर्मा said...

great thoughts!

sahej kar rahne layak post.
shukriya..

अल्पना वर्मा said...

na kewal sahej kar rakhne layak balki inhen jeevan mein apnana bhi chaheeye.