Monday, March 16, 2009

शेर - 22

इस तरह मुँह फेर कर जाना तेरा
देखना एक दिन तुझे तडफायेगा ।

4 comments:

Mumukshh Ki Rachanain said...

इस तरह मुँह फेर कर जाना तेरा
देखना एक दिन तुझे तडफायेगा ।

सुन्दर भावव्यक्ति.

इसी लिए तो हम पलट कर शीघ्र ही आ गए आपके ब्लॉग पर टिपियाने के लिए

चन्द्र मोहन गुप्त

रंजना [रंजू भाटिया] said...

आपके ब्लॉग को पढना अच्छा लगा ..कई शेर बहुत अच्छे लिखे हैं आपने शुक्रिया

नीरज गोस्वामी said...

behtareen...lekin ek sher hi kyun...poori ghazal kyun nahin?

neeraj

दिगम्बर नासवा said...

vaah vaah.....
behatreen लिखा है